पर्यटन विभाग ने 1301 करोड़ रुपये की नई योजनाएं मंजूर कीं

S Sakar(अपडेट: 12 अगस्त 2026 को 4:03 pm बजे)
पर्यटन विभाग ने 1301 करोड़ रुपये की नई योजनाएं मंजूर कीं
चित्र: Scott Barber / Pexels

बिहार पर्यटन विभाग ने राज्य में पर्यटन सेवाओं को बेहतर बनाने और रोजगार के नए अवसर पैदा करने के उद्देश्य से वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए ₹1301 करोड़ की नई पर्यटन योजनाओं को मंजूरी दे दी है। यह कदम बिहार के छोटे व्यवसायियों, ठेकेदारों और उद्यमियों के लिए महत्वपूर्ण अवसर पैदा करेगा।

इन योजनाओं का मुख्य लक्ष्य राज्य में पर्यटन से संबंधित बुनियादी ढांचे (जैसे होटल, परिवहन, पर्यटक स्थल) को मजबूत करना है। जब पर्यटन बढ़ता है, तो स्थानीय अर्थव्यवस्था को सीधा लाभ मिलता है। उदाहरण के लिए, अधिक पर्यटक आने से होटलों, गेस्ट हाउसों और रेस्टोरेंट में कारोबार बढ़ता है। स्थानीय गाइड, टैक्सी चालक और हस्तशिल्प विक्रेता जैसे छोटे व्यवसायी भी अधिक कमाई करते हैं। निर्माण क्षेत्र से जुड़े ठेकेदारों के लिए भी नए पर्यटन स्थलों और सुविधाओं के विकास में काम के अवसर पैदा होंगे।

पर्यटन विभाग का यह निवेश न केवल पर्यटकों के अनुभव को बेहतर बनाएगा, बल्कि स्थानीय लोगों के लिए स्थायी आजीविका के स्रोत भी विकसित करेगा। रोजगार सृजन का अर्थ है कि लोगों को नौकरियां मिलेंगी, चाहे वे सीधे पर्यटन उद्योग में हों या अप्रत्यक्ष रूप से, जैसे कि स्थानीय उत्पादों की आपूर्ति करने वाले या सेवाएं प्रदान करने वाले। यह छोटे उद्यमियों को अपने व्यवसाय शुरू करने या मौजूदा व्यवसायों का विस्तार करने के लिए प्रोत्साहित करेगा।

मई 2026 तक, बिहार में 3.42 करोड़ (34.2 मिलियन) पर्यटकों का आगमन दर्ज किया गया है, जो राज्य की पर्यटन क्षमता को दर्शाता है। यह आंकड़ा बताता है कि बिहार पहले से ही पर्यटकों के लिए एक आकर्षक गंतव्य है, और नई योजनाओं से इस संख्या में और वृद्धि होने की उम्मीद है। पर्यटन में वृद्धि से स्थानीय बाजारों में मांग बढ़ेगी, जिससे व्यापारियों और विक्रेताओं को लाभ होगा। यह राज्य की समग्र आर्थिक वृद्धि में भी योगदान देगा, जिससे छोटे और मध्यम आकार के उद्यमों (MSMEs) को बढ़ावा मिलेगा।

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